2 साल में होने वाली पीएचडी (PHD) अब 1 साल 3-महीने और लगभग 25 दिन मे?. यह सब चमत्कार भोपाल के बरकतउल्ला विश्वविद्यालय में ही संभव

2 साल में होने वाली पीएचडी (PHD) अब 1 साल 3-महीने और लगभग 25 दिन मे पूरी हो जाती है .


यह सब चमत्कार भोपाल के बरकतउल्ला विश्वविद्यालय में ही संभव वह कैसे संभव मैं आपको बताता हूं .
RTI के आवेदन से निकला पीएचडी (PHD) के भ्रष्टाचार का जिंन
भोपाल के बरकतउल्ला विश्वविद्यालय में पीएचडी थीसिस में बड़ा भ्रष्टाचार सामने आया
पीएचडी थीसिस अब 1 साल 3-महीने और लगभग 25 दिन मे अवार्ड की जा रही है
बरकतउल्ला विश्वविद्यालय के ऑर्डिनेंस 45 नियम के अनुसार 18 महीने या 24 महीने का समय रहता है थीसिस जमा करने का.
अगर गाइड अच्छा मिल जाए तो जल्दी भी जमा हो सकती है 18 महीनो मे
परंतु बरकतउल्ला विश्वविद्यालय भी सुर्खियों में बने रहता है
जैसे राजीव गांधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (RGPV )का नाम सुर्खियों मे बना रहता है
BU मे पीएचडी शोध में बड़ा भ्रष्टाचार सामने आ रहा है वही हमारे द्वारा लिखित शिकायत की है
उच्च शिक्षा विभाग के PS अनुपम राजन और
बरकतुल्लाह विश्वविद्यालय के कुलगुरु एस के जैन और
रजिस्टर एस बी सिंह को लिखित शिकायत दस्तावेज के साथ की गई है
बरकतउल्ला विश्वविद्यालय के जो कुलगुरु हैं और रजिस्टर सिंह और उच्च शिक्षा के, PS श्री अनुपम राजन जी इन सब मामलों को लेकर क्या कार्रवाई करते हैं ।
मंत्रालय में पदस्थ ओएसडी अनिल पाठक के विरुद्ध हमारे द्वारा शिकायत की है
अब यह जांच का विषय है कि गणित में उनके द्वारा जो शोध(PHD) कि है वह सही है या गलत.
उसी(PHD)के आधार पर उनके द्वारा असिस्टेंट प्रोफेसर से उच्च पद प्राप्त किया.

अब यह जांच का विषय है
यहाँ आप समझ ही सकते हैं कि किस प्रकार से उच्च शिक्षा विभाग मे भ्रष्टाचार किया जा रहा है
जाई तरफ मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव और उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परम ऐसे भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई कर रहे हैं परंतु विभाग में बैठे ही अधिकारी और कर्मचारी ऐसे भ्रष्टाचारी कर रहे हैं तो कैसे भविष्य ठीक होगा उच्च शिक्षा विभाग का सवाल उठता है


