संयुक्त संघर्ष मोर्चा ने प्रबंध संचालक कुमार पुरुषोत्तम से मुलाकात की थी वर्गीकरण के सम्बन्ध में, जिसके बाद,प्रबंध संचालक ने आज मंडियों का वर्गीकरण का आदेश जारी किया

मध्य प्रदेश राज्य कृषि विपणन बोर्ड भोपाल के प्रबंध संचालक कुमार पुरुषोत्तम जी द्वारा मध्य प्रदेश की सारी मंडियों का वर्गीकरण किया गया
उपरोक्त जानकारी देते हुए संयुक्त संघर्ष मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष ठाकुर संतोष सिंह दीक्षित ने बताया कि मंडी बोर्ड भोपाल द्वारा मध्य प्रदेश कृषि उपज मंडी अधिनियम 1972 की धारा 25 क की उप धारा एक एवं सहपिटाइटिस मध्य प्रदेश कृषि उपज मंडी समिति वर्गीकरण नियम 1981 के अधीन चिन्हित मानकों के आधार पर प्रदेश की कृषि उपज मंडी समितियां को उनकी विगत 3 वर्षों की आय,आवक के आधार पर मंडी नियम के अधिनियम के समस्त प्रयोजन के लिए नियमानुसार वर्गीकृत किया गया.
जिसके अंतर्गत *क* श्रेणी के अंतर्गत 47 मंडियों को लिया गया *ख* श्रेणी के अंतर्गत 63 मंडियों को लिया गया *ग* श्रेणी के अंतर्गत 68 मंडियों को लिया गया एवं *घ* श्रेणी के अंतर्गत 81 मंडियों को लिया गया ।
संघर्ष मोर्चा के संयोजक फौजदार साहब ने बताया कि मंडियों के वर्गीकरण के कारण निश्चित ही मंडियों का अमला बढ़ेगा, प्रमोशन में फायदा होगा, पद बढ़ेंगे तो काम का बोझ भी काम होगा आने वाले समय में माननीय प्रबंध संचालक से आशा है
कि पद सृजन करेंगे तो सी, डी मंडी वालों को भी प्रमोशन में फायदा पड़ेगा और हमारे जो शेष मांग है आमेलन की उसको भी जल्द से जल्द प्रबंध संचालक महोदय करें.
ऐसी संघर्ष मोर्चा के पदाधिकारी अंगिरा प्रसाद पांडे,नैन सिंह सोलंकी ,रामवीर सिंह किरार , वीरेंद्र नरवरिया, दिलीप सिंह ठाकुर ,योगेश बर्वे ,भारत सिंह, प्रदीप शर्मा एवं प्रदेश के हजारों कर्मचारियों का आशा है
हम संयुक्त संघर्ष मोर्चा हजारों कर्मचारियों /अधिकारियों के ओर से आपका आभार व्यक्त करते अभिनंदन करते हैं और आपका धन्यवाद ज्ञापित करते हैं









